जयपुरः कोटा में कोचिंग स्टूडेंट की सुसाइड केस में अचानक से फिर बढ़ोतरी हुई है इस साल जनवरी महीने के 10 दिनों के भीतर ही चार कोचिंग स्टूडेंट्स ने मौत को गले लगा लिया है. कोचिंग स्टूडेंट कोटा में क्यों मौत को गले लगा रहे हैं और आखिर कोटा को किसकी नजर लग गई है यह है सवाल उठ रहा है.
कोटा में कोचिंग स्टूडेंट के सुसाइड के प्रकरण थमने का नाम नहीं ले रहे हैं. शहर के जवाहर नगर थाना क्षेत्र में एक और कोचिंग छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. बूंदी निवासी छात्र मनन जैन जवाहर नगर इलाके में अपने नाना नानी के यहां रहकर जेईई परीक्षा की तैयारी कर रहा था छात्रा ने कमरे के वेंटिलेशन के यहां लगी लोहे की रोड पर फांसी का फंदा लगाया और उस पर लटक कर आत्महत्या कर ली छात्र मनन जैन ने आत्महत्या जैसा कदम क्यों उठाया इसका फिलहाल पता नहीं चल पाया है. कोटा में इस साल का यह सुसाइड का चौथा मामला है . जनवरी माह में 8 जनवरी से लेकर 18 जनवरी के बीच चार कोचिंग स्टूडेंट्स ने आत्महत्या करके अपनी जान दे दी. पुलिस छात्र का पोस्टमार्टम कराने एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी पहुंची लेकिन परिजनों की सहमति के बाद छात्र के शव का पोस्टमार्टम नहीं हुआ मृतक छात्र के परिजनों ने नेत्रदान करवाया. नेत्रदान टीम एमबीएस अस्पताल की मोर्चरी पहुंची और मोर्चरी के बाहर ही एंबुलेंस में छात्र का नेत्रदान हुआ.
पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंपा शवः
उधर विज्ञान नगर थाना इलाके में 16 जनवरी की रात आत्महत्या करने वाले कोचिंग स्टूडेंट अभिजीत के परिजन भी आज कोटा पहुंचे जहां छात्र केशव का पोस्टमार्टम कराया गया और शव को परिजनों के सपोर्ट किया गया. उड़ीसा निवासी छात्र विज्ञान नगर इलाके की अंबेडकर कॉलोनी में जैन रेजिडेंसी में रहकर के परीक्षा की तैयारी कर रहा था छात्र दो सप्ताह पहले ही कोटा आया था. छात्र के परिजनों की माने तो अभिजीत पढ़ने में होनहार था दसवीं के बाद उसने कोटा में आकर पढ़ाई की इच्छा जताई जिसके बाद वह कोटा आया था. अभिजीत ने आत्महत्या क्यों की इसका भी पता नहीं चल पाया है.
कोटा में बीते 10 दिनों में चार कोचिंग स्टूडेंट्स ने आत्महत्या की जिसके बाद से पुलिस प्रशासन और कोचिंग इंडस्ट्री में हड़कंप मचा हुआ है.
8 जनवरी जवाहर नगर में जेईई के छात्र नीरज ने आत्महत्या की. छात्र हरियाणा के नावा महेंद्रगढ़ का रहने वाला था. नीरज कोटा में रहकर निजी कोचिंग से JEE की प्रतियोगी परीक्षा की कोचिंग कर रहा था.
9 जनवरी को मध्य प्रदेश के गुना के पास के गांव मथुरालाल चक गांव के रहने वाले छात्र अभिषेक लोढ़ा ने कोटा के विज्ञान नगर क्षेत्र में पीजी में सुसाइड कर लिया था. जेईई की तैयारी कर रहा था.
16 जनवरी की देर रात उड़ीसा निवासी छात्र ने विज्ञान नगर के अंबेडकर नगर में होस्टल में आत्महत्या की थी, नीट की कर रहा था तैयारी, दो सप्ताह पहले ही छात्र आया था कोटा
18 जनवरी को
कोटा में एक और स्टूडेंट ने सुसाइड किया.
बूंदी निवासी छात्र ने जवाहर नगर इलाके में कमरे में किया सुसाइड,
छात्र मनन अपने नाना नानी के यहां रहकर जेईई परीक्षा की तैयारी कर रहा था
एक साथ चार स्टूडेंट के मामलेः
कोटा में बीते साल की अपेक्षा इस साल जनवरी महीने में ही एक साथ चार स्टूडेंट के मामले सामने आने के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं कि आखिर कोटा में कोचिंग स्टूडेंट की सुसाइड के मामले क्यों बढ़ रहे हैं. सवाल खड़ा हो रहा है कि कोटा में यह क्या हो रहा है और कोटा को किसकी नजर लग गई है. हर सुसाइड के बाद पुलिस की तरफ से सिर्फ एक ही बयान सामने आता है कि प्रकरण की जांच की जा रही है लेकिन इन प्रकरणों की जांच खत्म कब होगी और कब कोचिंग स्टूडेंट की सुसाइड की असल वजह पता लग पाएगी यह जानना बहुत ही जरूरी हो गया हैं.