नई दिल्लीः इस बार चैंपियंस ट्रॉफी पाकिस्तान की मेजबानी में कराई गई. लेकिन टूर्नामेंट को हाईब्रिड मॉडल पर कराया गया. ऐसे में दुबई में फाइनल में जोरदार खेल दिखाते हुए भारत ने ट्रॉफी अपने नाम की. BCCI ने टीम पाकिस्तान भेजने से इनकार कर फाइनल समेत सभी मैच दुबई में खेले.
लेकिन खास बात यह है कि शुरू से लेकर अभी तक पाकिस्तान का रोना जारी है. चैंपियंस ट्रॉफी का शेड्यूल जारी होने से फाइनल तक PCB की फजीहत होती रही. पहले टूर्नामेंट बायकॉट की धमकी दी और श्रीलंका को शामिल करने की मांग की. इसके बाद हाईब्रिड मॉडल का लॉलीपॉप देकर PCB को मनाना पड़ा.
PCB का कोई अधिकारी नहीं आया नजरः
भारत के टूर्नामेंट में लीग स्टेज से बाहर होने की दुआ कर रहे पाकिस्तानियों को बड़ा झटका लगा और अपने ही मुल्क में अपनी टीम को टूर्नामेंट के 5वें दिन 23 मार्च को बाहर होते हुए देखना पड़ा. इस तरह दुबई में भी फाइनल अवॉर्ड सेरेमनी में भी PCB का कोई अधिकारी नजर नहीं आया. अब पाक के पूर्व खिलाड़ी भारत पर पिच और कंडिशन का फायदा लेने का आरोप लगा रहे है.
खिताब पर भारत ने जमाया कब्जाः
गौरतलब है कि चैंपियंस ट्रॉफी के खिताब पर भारत ने कब्जा जमाया है. भारत ने न्यूजीलैंड को 4 विकेट से मात दी. और फाइनल मैच पर विजय हासिल की. इसके साथ ही 12 साल बाद भारत ने चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता. इससे पहले 2002 और 2013 में भारत ने यह खिताब जीता था. 2002 में भारत श्रीलंका के साथ संयुक्त विजेता बना था. 2013 में भी भारत ने चैंपियंस ट्रॉफी जीती थी.