जयपुरः राजस्थान विधानसभा का बजट सत्र जारी है. नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने सरकार व स्पीकर पर आरोप लगाए. उन्होंने कहा कि एक दलित को विधानसभा में बोलने से रोका जा रहा है. स्पीकर मंत्रियों को बचाना चाहते हैं. नेता प्रतिपक्ष का अधिकार है सदन में सवाल करना. लेकिन मुझे सवाल पूछने से रोका जा रहा है.
मेरा माइक बन्द सदन में किया जा रहा है. माइक बन्द करने से जूली की आवाज बन्द नहीं होगी. IIFA अवार्ड को लेकर जूली बोले कि 100 करोड़ खाटूश्यामजी के किये मंजूर किये थे. उन 100 करोड़ के काम आज तक शुरू नहीं हुए. वहीं IIFA के लिए एक झटके में 100 करोड़ मंजूर कर दिए.
प्रवर समिति और जनमत जानने के लिए भेजा जाएः
इतना बड़ा विकास प्राधिकरण बनाने की बात और सरकार बिना चर्चा के सब कुछ कर रही है. यह विकास किस प्रकार से हो रहा है सबको दिख रहा है. सबको पता था विधानसभा चलेगी. जब विधानसभा शुरू हुई उस समय इस बिल को लाया जा सकता था. एक तो सरकार की गलती और उस पर पर्दा डाला जाएगा. इससे बचा नहीं जा सकता. राजस्थान की जनता के हित में यह बिल नहीं है. इतने बड़े विकास प्राधिकरण के मामले पर पूरी चर्चा होनी चाहिए थी. हम पुरजोर रूप से इन दोनों का विरोध करते हैं. प्रवर समिति और जनमत जानने के लिए भेजा जाए.