नई दिल्लीः मणिपुर में 'शांति' का मार्च होने जा रहा है. 21 महीने बाद स्थिति सामान्य होने के आसार है. गृह मंत्री अमित शाह ने आज राज्य के हालात पर समीक्षा बैठक की. बैठक में शाह ने सड़कें ब्लॉक करने वालों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए है. शाह ने 8 मार्च से मणिपुर में बेरोकटोक आवाजाही सुनिश्चित करने को कहा.
अगल-अलग समुदायों ने अब-तक 300 से ज्यादा हथियार सरेंडर किए है. इंफाल ईस्ट,बिश्नुपुर,थौबल,कांगपोकपी,जिरीबाम,चुराचांदपुर और इंफाल वेस्ट जिलों में उग्रवादियों ने हथियार सरेंडर किए. मैतेई ग्रुप अरम्बाई टेंगोल के सरेंडर किए गए 246 हथियार शामिल हैं. राज्यपाल ने 20 फरवरी को अपील की थी कि 'हिंसा में लूटे हथियार सरेंडर कर दें'.
बीरेन सिंह के इस्तीफे के बाद 13 फरवरी को मणिपुर में राष्ट्रपति शासन लग गया था. वहीं राज्यपाल अजय कुमार भल्ला ने हथियार सरेंडर की समय सीमा 6 मार्च तक बढ़ाई. राज्यपाल अजय कुमार भल्ला, मणिपुर सरकार के शीर्ष अधिकारी, सेना और अर्धसैनिक बलों के अधिकारी बैठक में मौजूद रहे.