रिपोर्टर- दिनेश डांगी
जयपुरः लोकसभा चुनाव परिणाम से उत्साहित कांग्रेस हाईकमान अब संगठन को धार देने पर फोकस करेगा. इसके तहत AICC कार्यकारिणी में फेरबदल और विस्तार किया जा सकता है. ऐसे में राजस्थान से कईं नेता AICC में पदाधिकारी बनने की लॉबिंग में जुटे हुए है. राजस्थान से तीन नेताओं को राष्ट्रीय सचिव और एक नेता को महासचिव बनाए जाने की संभावनाएं है.
लोकसभा चुनाव से पहले टीम खड़गे यानि AICC का पुनर्गठन किया गया था. लेकिन अध्यक्ष खड़गे ने बहुत छोटी कार्यकारिणी का गठन किया. वहीं कांग्रेस पार्टी एक बार फिर विपक्ष में आ चुकी है तो लिहाजा हाईकमान का अब पूरा फोकस संगठन को मजबूत और सक्रिय बनाने पर है. लिहाजा जल्द ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी में फेरबदल औऱ विस्तार होने की अटकलें लगाई जा रही है. AICC में पार्टी जातिगत और सियासी समीकरणों के साथ क्षेत्रिय संतुलन भी साधेगी. वहीं अनुभवी और वरिष्ठ नेताओं के साथ युवाओं और महिलाओं को भी मौका दिया जाएगा. अब बात राजस्थान के संदर्भ में करें तो करीब एक दर्जन नेता इन दिनों AICC में एडजस्ट होने के लिए जोर लगा रहे हैं. राजस्थान के किन नेताओं को टीम खड़गे में जगह मिल सकती है.
हरीश चौधरी,अर्जुन बामणिया,जुबेर खां, रफीक खान,दानिश अबरार,दिव्या मदेरणा,संदीप चौधऱी,रामलाल जाट,नीरज डांगी
अभी राजस्थान से दो नेता भंवर जितेन्द्र सिंह और सचिन पायलट महासचिव है. वहीं धीरज गुर्जर और कुलदीप इंदौरा राष्ट्रीय सचिव है. यानि चार नेता ही अभी एआईसीसी में राजस्थान कोटे से पदाधिकारी है. ऐेसे में संभावना है तीन से चार राजस्थान के नेताओं को जब भी फेरबदल औऱ विस्तार होगा तो उन्हें टीम खड़गे में शामिल किया जा सकता है. राजस्थान से एक और नेता को महासचिव तो तीन अन्य नेताओं को नेशनल सेकेट्री बनाया जा सकता है.
पदाधिकारी बनने के लिए ये नेता लगातार दिल्ली दरबार में धोक लगा रहे है. वहीं कांग्रेस ने इस बार एक भी मुस्लिम नेता को लोकसभा का टिकट नहीं दिया है. ऐसे में पूरी संभावना है एक पदाधिकारी अल्पसंख्यक वर्ग से बनेगा. वहीं एक महिला को भी मौका देने की पूरी संभावना है. अब देखना है किस नेता की लॉबिंग काम करती है और किस नेता की पदाधिकारी बनने की लॉटरी खुलती है.